Wednesday, May 6, 2026

निराश्रित लड़के

एग्जाम हाल के बाहर। काफी गाड़ियों खड़ी रहती थी, किसी के पापा, तो किसी के भाई, किसी के मां, किसी की पूरी फैमिली खड़ी रहती थी, लेने के लिए। उसी एग्जाम हाल से कुछ ऐसे लड़के निकलते थे, जिन्होंने पूरी रात रेलवे स्टेशन पर लेट के जाग के बिताई होती थी। वो भी निकलते थे उसी एग्जाम हाल से आधी नींद पूरी सपने लिऐ उन्हें कोई नहीं आया होता था लेने, ये वो लोग है जो कभी मायूस हुए ही नहीं, जो मिला जितना मिला जीने लगे एक उमर के बाद।

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